Saturday, August 22, 2026
उत्तराखंडदेहरादून

देहरादून में 11.90 लाख मतदाताओं की मैपिंग पूरी: 5.47 लाख लोगों को नोटिस जारी, दोहरे नाम पर चलेगा विशेष अभियान

जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने राजनीतिक दलों के साथ की बैठक; 96 हजार से अधिक वोटरों के नाम यूपी और उत्तराखंड दोनों जगह दर्ज

देहरादून। आगामी चुनावों के दृष्टिगत मतदाता सूची को पारदर्शी, त्रुटिरहित और अद्यतन बनाने के लिए जिला निर्वाचन विभाग ने देहरादून में विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान तेज कर दिया है। ऋषिपर्णा सभागार में जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों और निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों के साथ बैठक कर अब तक की प्रगति की समीक्षा की।

बैठक में जिलाधिकारी ने बताया कि जिले में अब तक 11,90,805 मतदाताओं की मैपिंग का कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। उन्होंने प्रक्रिया को निष्पक्ष बनाने के लिए सभी राजनीतिक दलों से सहयोग की अपील की।

5.47 लाख लोगों को नोटिस जारी, 3.95 लाख मामलों में सुनवाई पूरी

वर्ष 2003 की मतदाता सूची के विवरण में विसंगतियां पाए जाने या आवश्यक दस्तावेज/विवरण उपलब्ध न कराने पर 5,47,617 नागरिकों को बीएलओ (BLO) के माध्यम से नोटिस जारी किए गए हैं।

  • सुनवाई की स्थिति: जारी किए गए नोटिसों में से 3,95,772 मामलों में सुनवाई पूरी की जा चुकी है, जबकि 1,52,170 मामलों में प्रक्रिया अभी जारी है।

  • नए आवेदन और आपत्तियां:

    • प्रारूप-6 (नया नाम जोड़ने हेतु): 39,025 आवेदन प्राप्त।

    • प्रारूप-7 (नाम हटाने हेतु दावे/आपत्तियां): 10,235 आवेदन प्राप्त।

    • प्रारूप-8 (विवरण संशोधन हेतु): 10,718 आवेदन प्राप्त।

उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड दोनों जगह नाम दर्ज कराने वाले 96 हजार वोटर चिन्हित

बैठक में एक महत्वपूर्ण आंकड़ा साझा करते हुए बताया गया कि जिले में 96,187 ऐसे मतदाताओं की पहचान हुई है, जिनके नाम उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड दोनों राज्यों की मतदाता सूचियों में दर्ज हैं।

  • स्वेच्छा से चुनना होगा एक स्थान: बीएलओ घर-घर जाकर ऐसे मतदाताओं से संपर्क करेंगे और उन्हें किसी एक राज्य में अपना नाम बनाए रखने का विकल्प देंगे।

  • पारदर्शी प्रक्रिया: प्रारूप-7 के तहत प्राप्त प्रत्येक आपत्ति पर बीएलओ संबंधित व्यक्ति को व्यक्तिगत नोटिस देगा। नोटिस मिलने के 7 दिन बाद ही सुनवाई शिविर लगेगा, जिसमें मतदाता और आपत्ति दर्ज कराने वाले दोनों पक्षों को सुना जाएगा।

झूठी घोषणा करने वालों पर होगी दंडात्मक कार्रवाई

जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने स्पष्ट चेतावनी दी कि प्रारूप-7 के तहत गलत या मिथ्या घोषणा प्रस्तुत करने वालों के खिलाफ लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने राजनीतिक दलों से अपील की कि वे अपने बूथ लेवल एजेंट (BLA) के माध्यम से नोटिस प्राप्त करने वाले नागरिकों की सहायता करें।

इस बैठक में उप जिला निर्वाचन अधिकारी/सीडीओ अभिनव शाह, संयुक्त मजिस्ट्रेट राहुल आनंद, संयुक्त मजिस्ट्रेट डॉ. हर्षिता, सिटी मजिस्ट्रेट राकेश तिवारी, एसडीएम अपर्णा ढौंडियाल और सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी नरेंद्र प्रसाद देवली सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।