Thursday, August 6, 2026
राष्ट्रीय

दो दिन में पूरा हुआ शेयर बिक्री का लक्ष्य; सेबी की डेडलाइन से काफी पहले हासिल की 10% पब्लिक शेयरहोल्डिंग, ग्रीन शू ऑप्शन का भी हुआ इस्तेमाल

नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) के ऑफर फॉर सेल (OFS) को निवेशकों का अभूतपूर्व समर्थन मिला है। केंद्र सरकार द्वारा चलाए गए इस दो दिवसीय शेयर बिक्री अभियान में संस्थागत और खुदरा निवेशकों ने जमकर दिलचस्पी दिखाई। ग्रीन शू ऑप्शन के उपयोग के साथ ही सरकार ने इस ओएफएस प्रक्रिया के माध्यम से 31,552 करोड़ रुपये जुटाए हैं।

इस कदम के साथ एलआईसी में सार्वजनिक हिस्सेदारी बढ़कर 10 प्रतिशत हो गई है। खास बात यह है कि भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (SEBI) ने इसके लिए मई 2027 तक का समय दिया था, लेकिन सरकार ने तय समयसीमा से काफी पहले ही इस लक्ष्य को सफलतापूर्वक हासिल कर लिया है।

82 करोड़ से अधिक शेयर आवंटित: क्या होता है OFS?

इस प्रक्रिया के तहत कुल 82 करोड़ से अधिक शेयर आवंटित किए गए।

  • ओएफएस का गणित: ऑफर फॉर सेल वह प्रक्रिया है जिसके जरिए किसी लिस्टेड कंपनी के प्रमोटर या बड़े शेयरधारक एक्सचेंज के माध्यम से अपनी हिस्सेदारी बेचते हैं।

  • सरकारी खजाने में पूरी राशि: चूंकि इस प्रक्रिया में नए शेयर जारी नहीं किए गए, इसलिए इससे मिलने वाली पूरी 31,552 करोड़ रुपये की राशि सीधे भारत सरकार के खाते में जाएगी, जबकि एलआईसी की कुल शेयर पूंजी अपरिवर्तित रहेगी।

इससे पहले एलआईसी में सरकार की हिस्सेदारी 96.5% थी और आम निवेशकों के पास केवल 3.5% शेयर थे। अब आम और संस्थागत निवेशकों की कुल भागीदारी बढ़कर 10% हो गई है।

फ्लोर प्राइस और शेयर बाजार पर इसका असर

सरकार ने इस ओएफएस के लिए ₹382 प्रति शेयर का फ्लोर प्राइस तय किया था, जो घोषणा से ठीक पहले एलआईसी के बंद भाव (₹428.50) से लगभग 10.9% डिस्काउंट पर था।

  1. सस्ते शेयर का आकर्षण: कम कीमत पर शेयर उपलब्ध होने के कारण निवेशकों ने खुले बाजार के बजाय ओएफएस रूट से शेयर खरीदने को तरजीह दी।

  2. शॉर्ट-टर्म दबाव: बाजार में शेयरों की आपूर्ति अचानक बढ़ने (Liquidity Boost) से एलआईसी के शेयर की मौजूदा बाजार कीमत पर अल्पकालिक दबाव जरूर देखा गया, लेकिन दीर्घकालिक दृष्टिकोण से इसे बेहद सकारात्मक माना जा रहा है।

एलआईसी का मजबूत वित्तीय प्रदर्शन (FY 2025-26)

ओएफएस को मिले इस शानदार रिस्पॉन्स के पीछे एलआईसी के मजबूत वित्तीय आंकड़े भी मुख्य वजह रहे हैं:

  • नए व्यवसाय का मूल्य (VNB): 41.6% की भारी बढ़ोतरी के साथ ₹14,179 करोड़ तक पहुंचा।

  • वीएनबी मार्जिन (VNB Margin): 17.6% से बढ़कर 21.2% हो गया।

  • शुद्ध लाभ (Net Profit): कंपनी का नेट प्रॉफिट 19.3% बढ़कर ₹57,419 करोड़ के स्तर पर पहुंच गया।